गीत चतुर्वेदी
"मदर इंडिया" कविता के लिए 2007 का भारत भूषण अग्रवाल पुरस्कार से सम्मानित
गीत चतुर्वेदी
27/11/1977
1994
बारे में
गीत चतुर्वेदी की कविताएँ पहल, तद्भव, वागर्थ, उद्भावना, साक्षात्कार, वसुधा और कथादेश जैसी प्रतिष्ठित साहित्यिक पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं। उनका पहला कविता-संग्रह ‘आलाप में गिरह’ वर्ष 2010 में राजकमल प्रकाशन, नई दिल्ली से प्रकाशित हुआ। इस संग्रह के माध्यम से उन्होंने हिंदी कविता के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई।
कविता के अलावा गीत चतुर्वेदी ने कहानी लेखन में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनकी प्रमुख कहानियों में ‘सावंत आंटी की लड़कियाँ’, ‘सौ किलो का साँप’, ‘साहिब है रंगरेज़’, ‘गोमूत्र’, ‘सिमसिम’ और ‘पिंक स्लिप डैडी’ शामिल हैं। उन्होंने विदेशी साहित्य को हिंदी पाठकों तक पहुँचाने के लिए भी काम किया है। उन्होंने पाब्लो नेरूदा, लोर्का, यानिस रित्सोस और अन्य विदेशी कवियों की रचनाओं का अनुवाद किया है। इसके अतिरिक्त, उन्होंने नेरूदा के संस्मरणों और लेखों का अनुवाद ‘चिली के जंगलों से’ नामक पुस्तक में किया। उन्होंने चार्ली चैपलिन की जीवनी का भी अनुवाद किया है।
गीत चतुर्वेदी को वर्ष 2007 में उनकी कविता ‘मदर इंडिया’ के लिए भारत भूषण अग्रवाल पुरस्कार से सम्मानित किया गया। उनकी रचनाओं का अनुवाद छह से अधिक भाषाओं में हो चुका है।
गीत चतुर्वेदी ने कविता, कहानी और अनुवाद के माध्यम से हिंदी साहित्य में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई है। उनकी रचनाएँ समकालीन हिंदी साहित्य में उनकी सक्रियता और रचनात्मक रुचि को दर्शाती हैं।
